जन-आंदोलन के लिए जन समर्थन तैयार करना जरूरी है.मा. वामन मेश्राम (राष्ट्रीय अध्यक्ष, बामसेफ, नई दिल्ली)

0

    जन-आंदोलन के लिए जन समर्थन तैयार करना जरूरी है.

    मा.वामन मेश्राम (राष्ट्रीय अध्यक्ष, बामसेफ, नई दिल्ली)

    आपने बामसेफ एवं राष्ट्रीय मूलनिवासी संघ के 41वें संयुक्त राष्ट्रीय अधिवेशन में अध्यक्षीय अभिभाषण देते हुए कहा कि उद्घाटन सत्र में अभी समापन करने के लिए मैं आप लोगों के सामने उपस्थित हूँ। यह जो 5 दिन का हमारा राष्ट्रीय अधिवेशन चल रहा है, इस अधिवेशन में सारे देशभर से जो लोग आए हुए हैं, तो उन लोगों को सबसे ज्यादा इस बात पर ध्यान देना चाहिए कि जो अधिवेशन में अलग-अलग प्रकार के विषय है, उन विषयों पर जो मार्गदर्शन किया जाता है। उन बातों का नोटिंग वह जरूर करें। क्योंकि यह अधिवेशन हम लोग प्रवचन देने के लिए नहीं कर रहे हैं। यह अधिवेशन में एक प्रकार से 5 दिन का ट्रेनिंग है। यह 5 दिन तक का विचारधारा का ट्रेनिंग है। इसमें आईडियोलॉजी की बातें हैं और उसके आधार पर एक किस्म का ट्रेनिंग दिया जा रहा है और वह ट्रेनिंग जब आप फील्ड में अपने-अपने जिले में और अपने-अपने प्रदेश में आप लोग जाते हो, तो आपके इलाके में जो लोग हमारे इस आंदोलन के साथ जुड़े हुए नहीं है, उन लोगों तक उन विचारधाराओं को उन मुद्दों को वहाँ तक पहुँचाने का काम करना जरूरी है। क्यों करना जरूरी है? क्योंकि यहाँ पर क्राउड को नहीं बुलाया गया है क्योंकि यह कोई रैली नहीं है। 5 दिन का जो हमारा अधिवेशन होता है तो यह अधिवेशन कोई क्राउड नहीं है। यह अधिवेशन कोई रैली नहीं है। यह अधिवेशन डेलीगेट कन्वेंशन है और डेलीगेट के तौर पर कार्यकर्ताओं को हर साल बुलाया जाता है और हर साल बुलाकर उनको अपडेट किया जाता है और उनको जानकारी के लेवल पर अपडेट किया जाता है। उनको तैयार किया जाता है। उनको तैयार क्यों किया जाता है? उनको तैयार इसलिए किया जाता है ताकि वह समाज में जाकर समाज को तैयार करने का काम करें। उन्हें तैयार करने में दो काम करना बहुत जरूरी है। एक काम तो यह है कि हम लोग जो यहाँ सीखा रहे हैं और आप लोग जो सीख रहे हैं, उसमें पहले काम यह करना है कि लोगों को जाकर इस तरीके से बताना है। कि इस आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए, हमारे आंदोलन के लिए कैडराईजेशन तैयार किया जा सके यानी कैडर को पैदा किया जा सके। कैडर क्यों तैयार किया जा सके? क्योंकि किसी भी आंदोलन को निरंतर अगर आगे बढ़ते रहना है, तो नए-नए कार्यकर्ताओं को तैयार करना बहुत ज्यादा जरूरी है। क्योंकि केवल प्रशिक्षण में ही कार्यकर्ताओं को तैयार नहीं किया जा सकता बल्कि हमारे प्रशिक्षित और दक्ष कार्यकर्ता घरों में जाकर भी लोगों को तैयार कर सकते हैं। इस तरह से कार्यकर्ताओं की संख्या जैसे-जैसे बढ़ती है, वैसे-वैसे संगठन का प्रभाव क्षेत्र भी ज्यादा बढ़ता है और यह प्रभाव-क्षेत्र आंदोलन के प्रभाव-क्षेत्रों को बढ़ाने का काम करता है। इसलिए यह काम करना बहुत ज्यादा जरूरी है। दूसरी बात क्या करना है? दूसरी बात है कि हमारा जो आंदोलन चल रहा है, लोगों को उस आंदोलन का समर्थक बनाना है। क्योंकि जो समर्थक है, वह क्या करता है? वह आपको बुद्धि, पैसा, हुनर, समय और श्रम देने का काम करता है और फिर जो समर्थक है, उसको भविष्य में उसको कार्यकर्ता में परिवर्तित कर सकते हैं। इसलिए समर्थक को तैयार करना बहुत जरूरी है क्योंकि यही समर्थक आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए जन-समर्थन तैयार करने का काम कर सकते हैं। इसलिए यह दो बातें खास तौर पर आप लोगों को यहाँ समझाई जा रही है। यह आपको समझना है। इसी संदेश के साथ आपने अपनी बात समाप्त की।

    <

    🥳बा कहती हैं!"सिर में भारीपन और तनाव होने पर कपूर की हल्की खुशबू सूंघने से दिमाग हल्का महसूस करता है और तनाव कम होता है।"/p>

    ⚡ लेटेस्ट अपडेट्स के लिए नायक1 न्यूज़ के साथ बने रहें! ⚡ NAYAK1 NEWS समाचार !! जय मूलनिवासी !!!

Post a Comment

0 Comments
Post a Comment (0)
To Top